(रिपोर्ट – जैलेश)
पलामू जिला के तरहसी प्रखंड अंतर्गत गुरहा पंचायत में आयुष्मान आरोग्य मंदिर के बगल में निर्माणाधीन अस्पताल को लेकर गंभीर अनियमितताओं के आरोप सामने आ रहे हैं। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि अस्पताल निर्माण में मानक के विपरीत घटिया सामग्री का उपयोग किया जा रहा है, जिससे भविष्य में भवन की मजबूती और सुरक्षा पर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है।
ग्रामीणों के अनुसार, निर्माण कार्य में तीन नंबर की ईंटों का प्रयोग किया जा रहा है, जो सरकारी भवन निर्माण के लिए उपयुक्त नहीं मानी जाती। इसके साथ ही भवन और छत की ढलाई में भी सामान्य पैकेट श्री जंग रोधक वाले सीमेंट का इस्तेमाल किया जा रहा है, और एस्टीमेट के अनुसार सरिया का कटौती किया जा रहा है जबकि सरकारी मानकों के अनुसार उच्च गुणवत्ता वाले सीमेंट का उपयोग अनिवार्य होता है। लोगों का कहना है कि इसी सीमेंट से ईंट जोड़ने और छत की ढलाई का कार्य किया जा रहा है, जिससे भवन की उम्र आधी रह जाने की आशंका जताई जा रही है।
स्थानीय निवासियों ने यह भी आरोप लगाया कि संबंधित विभाग द्वारा अब तक न तो निर्माण कार्य की जांच की जा रही है और न ही किसी प्रकार की निगरानी रखी जा रही है। इससे ठेकेदार और निर्माण एजेंसी की मनमानी बढ़ती जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि जब एक अस्पताल जैसी महत्वपूर्ण स्वास्थ्य सुविधा की इमारत ही कमजोर होगी, तो उसमें इलाज कराने आने वाले मरीजों की सुरक्षा कैसे सुनिश्चित होगी।
ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग से मांग की है कि निर्माण कार्य की उच्च स्तरीय जांच कराई जाए और दोषी ठेकेदार व अधिकारियों पर कार्रवाई की जाए। लोगों का कहना है कि अगर समय रहते जांच नहीं हुई, तो भविष्य में यह अस्पताल जानलेवा भी साबित हो सकता है।
अब देखना यह होगा कि प्रशासन इन आरोपों को कितनी गंभीरता से लेता है और क्या निर्माण कार्य की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए ठोस कदम उठाए जाते हैं या नहीं।